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कानून के रखवाले ही उड़ा रहे हैं कानून का माखौल – JCCJ

रायपुर, छत्तीसगढ़, जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) (JCCJ) के मुख्य प्रवक्ता अधिवक्ता भगवानू नायक ने गाँधी जयंती के ठीक दूसरे दिन बिलासपुर जिले के भूगोल बार में देर रात चल रही पार्टी के दौरान राजपत्रित रेंक के पुलिस अधिकारीगण और बार के बाउंसर के बीच विवाद के मामले में कानून व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा प्रदेश का अब तो यह हाल हो गया कि कानून के रखवाले ही कानून का माखौल उड़ा रहे हैं, प्रदेश में लॉ एंड ऑर्डर को मेंटेन करने वालों पर ही सवाल खड़ा हो रहा है। उक्त घटना के बाद मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने घटना की विस्तृत रिपोर्ट डीजीपी श्री डी. एम. अवस्थी से पेश करने को कहा है जिसपर श्री अवस्थी ने पूरी घटना की जांच रिपोर्ट बिलासपुर एस. पी. से मांगी है।

भगवानू नायक ने घटना की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए कहा जिन लोगों के कंधों पर समाज में शांति व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी है । वही लोग आज कटघरे में खड़े है तब कैसे होगा अपराधों का रोकथाम और निवारण ? उन्होंने ने कहा बिलासपुर जिले के मैग्नेटो मॉल में वर्ष 2016 में पार्टी मनाने गए बिल्डर श्रीरंग बोबड़े के बेटे गौरांग बोबडे की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई हो चुकी है। उससे भी सबक न लेते हुए प्रशासन के द्वारा भूगोल बार को देर रात तक नियम विरुद्ध मदिरा परोसने की खुली छूट दे रखी है।

भगवानू नायक ने कहा एक तरफ तो शराबबंदी के नाम पर आम जनता से वादाखिलाफी किया गया है। शराबबंदी की मांग सरकार को सुनाई नहीं देती है। वही प्रदेश के विभिन्न मॉल में देर रात तक मदिरा प्रेमियों को मदिरा परोसकर शराबबंदी की मांग को करने वाले आधी को चिढ़ाने का काम किया जा रहा है, जिसकी जितनी भी निंदा की जाए कम है।

भगवानू नायक ने कहा बिलासपुर की देर रात बियर बार पार्टी और विवाद के मामले में अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा पुलिस समाज का महत्वपूर्ण अंग है जो अपराधों के रोकथाम और निवारण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है । समाज में शांति व्यवस्था को कायम रखना और अपराधियों में भय पैदा करने का काम कर, अपराध मुक्त छत्तीसगढ की स्थापना पुलिस कर सकती है परंतु यह दुर्भाग्य का विषय है कि हम सबके सामने में इस प्रकार की घटनाएं सामने आती है जिससे पुलिस की छवि और खराब हो जाती है । यह विचारणीय प्रश्न है कि जब कानून के रक्षक ही कानून तोड़ने का आरोप लगता हैं तो आम व्यक्ति से क्या उम्मीद की जा सकती है ?

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